Tuesday, June 2, 2026
Homeव्यापारL Catterton Invests in Haldiram's: Strategic Partnership to Boost Growth and International...

L Catterton Invests in Haldiram’s: Strategic Partnership to Boost Growth and International Expansion | ग्लोबल इन्वेस्टमेंट फर्म एल कैटरटन ने हल्दीराम में निवेश किया: स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप से भारत में ग्रोथ और दुनियाभर में व्यापार बढ़ाने में मदद मिलेगी

-

[ad_1]

  • Hindi News
  • Business
  • L Catterton Invests In Haldiram’s: Strategic Partnership To Boost Growth And International Expansion

नई दिल्ली17 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

अमेरिकी इन्वेस्टमेंट फर्म एल कैटरटन ने भारत की पैकेज्ड फूड कंपनी हल्दीराम में स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप के तहत निवेश किया है। इस पार्टनरशिप में एल कैटरटन हल्दीराम को सप्लाई चेन और डिस्ट्रीब्यूशन को बेहतर बनाने, जियोग्राफिक एक्सपैंशन और टैलेंट डेवलपमेंट में सपोर्ट देगी।

कंपनी अब एल कैटरटन की ग्लोबल एक्सपर्टाइज, इंडस्ट्री नेटवर्क और लोकल टैलेंट का फायदा उठा सकेगी। खास तौर पर फर्म के इंडिया एग्जीक्यूटिव चेयरमैन संजीव मेहता की एक्सपीरियंस से फायदा होगा, जो पहले हिंदुस्तान यूनिलीवर के चेयरमैन और एमडी रह चुके हैं।

चेयरमैन बोले- हल्दीराम को मार्केट में ग्रोथ दिलाएंगे

संजीव मेहता ने कहा, ‘हल्दीराम एक आइकॉनिक इंडियन ब्रांड है, जो एथनिक स्नैक्स कैटेगरी में देश का लीडर है। इसका ग्लोबल पैकेज्ड स्नैक्स स्पेस में बड़ा पोटेंशियल है। हम हल्दीराम को साथ देकर भारत के बढ़ते कंज्यूमर मार्केट में ग्रोथ ड्राइव करेंगे और इसकी इंटरनेशनलाइजेशन को तेज करेंगे।’

हल्दीराम के स्नैक्स सिंगापुर और अमेरिका जैसे विदेशी बाजारों में भी बेचे जाते हैं। इसकी शुरुआत 1937 में एक छोटी सी दुकान से हुई थी।

एल कैटरटन के पास ₹3.5 लाख करोड़ की कैपिटल

एल कैटरटन ने पैकेज्ड फूड स्पेस में दुनिया भर में कई ब्रांड्स में निवेश किया है। इनमें चोलुला हॉट सॉस, फार्मली, फेरारा कैंडी कंपनी, गुडल्स, केटल फूड्स, कोडियाक, लिटिल मून्स, नॉटको, प्लांटेड और प्लम ऑर्गेनिक्स जैसे नाम शामिल हैं। फर्म के पास लगभग 39 बिलियन डॉलर (करीब ₹3.5 लाख करोड़) की इक्विटी कैपिटल है।

इस साल कई फर्म ने हल्दीराम में निवेश किया

इस साल की शुरुआत में हल्दीराम में सिंगापुर की टेमसेक ने करीब 10% स्टेक लिया था, जिसकी वैल्यूएशन 10 बिलियन डॉलर (करीब ₹90,000 करोड़) के आसपास थी। इसके अलावा अल्फा वेव ग्लोबल और इंटरनेशनल होल्डिंग कंपनी (IHC) ने भी निवेश किया। अब एल कैटरटन चौथा बड़ा निवेशक बना है।

इसी साल मार्च-अप्रैल में हल्दीराम ने स्नैक्स डिवीजन में अबू धाबी बेस्ड इंटरनेशनल होल्डिंग कंपनी (IHC) और न्यूयॉर्क की अल्फा वेव ग्लोबल को 6% हिस्सेदारी बेची थी। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, हल्दीराम ने इस स्टेक को 10 बिलियन डॉलर के वैल्यूएशन पर बेचा। हालांकि तब भी कंपनी की ओर से डील की डिटेल जानकारी नहीं दी गई थी।

30 मार्च को सिंगापुर की सॉवरेन इन्वेस्टमेंट फर्म टेमासेक ने हल्दीराम के स्नैक्स डिवीजन में 10% हिस्सेदारी खरीदने के लिए एग्रीमेंट किया था। यह डील 1 बिलियन डॉलर में हुई थी। हल्दीराम ने बताया कि टेमासेक ने कंपनी के मौजूदा शेयर होल्डर्स के 10% हिस्सेदारी को खरीदा है।

1937 में छोटी दुकान से शुरू हुई थी हल्दीराम

हल्दीराम की शुरुआत 1937 में राजस्थान के बीकानेर में एक छोटी स्वीट्स और नमकीन की दुकान से हुई थी। आज यह भारत की सबसे बड़ी एथनिक स्नैक्स कंपनी है और इसके प्रोडक्ट्स 80 से ज्यादा देशों में बिकते हैं। इस साल अप्रैल में दिल्ली और नागपुर वाली हल्दीराम यूनिट्स का मर्जर हुआ, जिससे हल्दीराम स्नैक्स फूड प्राइवेट लिमिटेड कंपनी बनी।

खबरें और भी हैं…

[ad_2]

Related articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest posts